छौड़ा’ शब्दक अपमान सँ मधेस आक्रोशित, नस्लीय सोच विरुद्ध बहिष्कार अभियान तेज

अर्चना झा

ललितपुर ८ पुष : नेकपा एमालेक नेता महेश बस्नेत द्वारा काठमाण्डू महानगरपालिकाक पुर्व मेयर आ राष्ट्रिय स्वतन्त्र पार्टीके वरिष्ठ नेता बालेन शाहक कथन पर व्यङ्ग्य करैत ‘कुकुरक छाउरा’ कहल टिप्पणी कएलाक बाद मधेस भरि तीव्र विरोध शुरू भ’ गेल अछि। 

एहि कथन केँ मैथिली भाषा, संस्कृति आ मधेसी पहिचान पर सीधा अपमान मानैत सामाजिक संजाल सँ ल’ क’ राजनीतिक क्षेत्र धरि फैलि गेल अछि। 

विवादक जड़ पुर्व मेयर बालेन शाह द्वारा मधेसी समुदाय सन्दर्भ मे प्रयुक्त मैथिली शब्द ‘छौड़ा’ छी। मैथिली भाषा मे ‘छौरा’ अथवा ‘छौड़ा’ शब्दक अर्थ ‘पुत्र’, ‘बेटा’, ‘लड़का’ अथवा ‘बाबू’ होइत अछि, जे प्रेम सँ सम्बोधन करबाक सामान्य शब्द छी। 

मुदा एहि शब्द केँ नेता महेश बस्नेत 'छौड़ा' सब्द केँ ‘कुकुरक छाउरा’(कुकुरक बच्चा) सँ तुलना क’ अपमानजनक अर्थ देनाइ मधेसी समाज केँ गहिर चोट पहुँचा देलक अछि। 

मधेसक बुद्धिजीवी, भाषा–संस्कृति अभियन्ता आ सामान्य नागरिक सभ सामाजिक संजाल पर एहि टिप्पणी केँ मात्र अज्ञानता नहि बल्कि नस्लीय सोच, अहंकार आ सांस्कृतिक हीनभावनाक प्रतीक कहैत कड़ा विरोध कए रहल छथि। ओ सभ स्पष्ट रूपे कहलनि अछि जे मधेसी भाषा आ पहिचानक बारम्बार अपमान आब सहन योग्य नहि अछि। 

एहि विरोधक क्रम मे मधेस आ पहाड़ मे बसैत मधेसी समुदाय द्वारा एमाले विरुद्ध बहिष्कार अभियान शुरू करबाक घोषणा कएल गेल अछि। विभिन्न स्थान पर नारा–जुलुस भेल अछि आ सामाजिक संजाल पर #BoycottUML, #RespectMaithili, #MadheshPride, #NoVoteForHaters जेकाँ ह्यासटैग चला क’ एमालेक उम्मेदवार केँ भोट नहि देबाक, चुनावी कार्यक्रम बहिष्कार करबाक आ सामाजिक दूरी बनौने रखबाक आह्वान भेल अछि। किछु पोस्ट मे ‘भोटक चोट’ द्वारा एमालेक जमानत जब्त करबाक मांग सेहो उठल अछि। 

संगहि, एमाले भितर रहल मधेसी नेता आ कार्यकर्ता चेहरासभक भूमिका पर सेहो प्रश्न उठैत अछि। कुर्सी आ पद लेल मातृभाषा आ आत्मसम्मान पर भेल अपमान सहन करब स्वीकार्य नहि हो सकैत, एहन कहैत ओ सभ सँ मौन तोड़ि क’ सार्वजनिक रूपे अपन धारणा रखबाक दबाव बढ़ैत जा रहल अछि।महेश बस्नेतक टिप्पणी सँ शुरू भेल ई विवाद चुनावी माहौल केँ आर गरमा देलक अछि। भाषिक सम्मान, सांस्कृतिक पहिचान आ राजनीतिक जिम्मेवारी केँ केन्द्र मे राखि उठल ई बहस मधेसक राजनीति मे एमाले लेल गम्भीर चुनौती बनैत जा रहल अछि, एहन विश्लेषण कएल जा रहल अछि।

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